आज हम विवाहित महिलाओ को कुछ ऐसी बातें बताने वाले है, जो उनके लिए जानना बहुत जरुरी है. एक विवाहित स्त्री के जीवन में ऐसी बहुत सी चीजे होती है, जो वो किसी के साथ शेयर नहीं करना चाहती. जैसे कि अपने पति का प्यार हर स्त्री के लिए बहुत महत्वपूर्ण होता है. इसलिए आज हम आपको कुछ ऐसी चीजों के बारे में बताना चाहते है, जो एक विवाहित स्त्री को कभी किसी के साथ शेयर नहीं करनी चाहिए, फिर भले ही घर की कोई महिला सदस्य ही क्यों न हो, पर सुहागन महिलाओ को ये चीजे कभी किसी को नहीं देनी चाहिए और न ही शेयर करनी चाहिए. तो चलिए अब आपको इन चीजों के बारे में विस्तार से बताते है.
इसमें सबसे पहले सिंदूरदानी शामिल है. जी हां गौरतलब है कि आप अपना सिंदूर जिस डिब्बी में रखती है या जिस सिंदूरदानी से सिंदूर लगाती है, उसे हमेशा अपने पास ही संभाल कर रखे. इसके इलावा जब भी सिंदूर लगाएं तो अकेले में ही लगाए और सर पर पल्ला रख कर ही सिंदूर लगाएं. इसके साथ ही आपको अपना साज श्रृंगार भी अकेले में ही करना चाहिए, सबके सामने या सबको दिखा कर साज श्रृंगार नहीं करना चाहिए.
बता दे कि जो सिंदूरदानी आपकी है, उसमे से किसी को भी सिंदूर न लगाने दे. कई बार घर में माँ, दादी या जेठानी आपकी सिंदूरदानी में से लेकर सिंदूर लगा लेती है. पर ये गलत है. जी हां एक मान्यता के अनुसार किसी भी स्त्री को अपना सिंदूर शेयर नहीं करना चाहिए. हर स्त्री की सिंदूरदानी अलग अलग ही होनी चाहिए. इसलिए आगे से इस बात का खास ध्यान रखे.
इसके इलावा आँखों में लगाने वाला काजल भी कभी शेयर नहीं करना चाहिए. इसकी सबसे बड़ी वजह तो ये है, कि कई बार किसी की आँखों में इन्फेक्शन होता है और ऐसे में यदि कोई व्यक्ति किसी दूसरे की काजल की डिब्बी से काजल लगाता है, तो उसे भी ये इन्फेक्शन हो सकता है. वैसे भी आज कल ऊँगली से काजल लगाने की बजाय पेंसिल वाली काजल का इस्तेमाल ज्यादा किया जाता है और इससे इन्फेक्शन का खतरा भी ज्यादा होता है. इसके इलावा ऐसा कहा जाता है, कि किसी दूसरे के साथ काजल शेयर करने से पति का प्यार भी कम हो जाता है या बंट जाता है. इसलिए काजल भी कभी शेयर नहीं करना चाहिए.
गौरतलब है, कि यदि किसी फंक्शन के दौरान आपकी कोई महिला रिश्तेदार आपसे बिंदी मांगे तो कभी भी उसे माथे पर लगाई हुई बिंदी न दे. हालांकि आप बिंदी के पते से बिंदी निकाल कर दूसरे को दे सकते है. पर भूल कर भी माथे पर लगी हुई बिंदी किसी को न दे. वैसे तो आज के समय में बहुत कम महिलाएं बिछुआ पहनती है. मगर मान लीजिये कि यदि आपका पहना हुआ बिछुआ किसी को पसंद आ जाएँ, जैसे कि आपकी नन्द, जेठानी, देवरानी या घर की किसी दूसरी महिला सदस्य को ये पसंद आ जाएँ तो भूल कर भी उसे ये न दे.
जी हां कभी भी अपने पैर में पहना हुआ बिछुआ किसी दूसरे को न दे. इसके इलावा हाथ में पहनी हुई चुडिया भी कभी किसी को नहीं देनी चाहिए. ऐसे में अगर किसी को आपकी चूड़ियां पसंद आ भी जाएँ तो उसे दूसरी खरीद कर दे दे. मगर हाथ से निकाल कर कभी किसी को न दे. गौरतलब है, कि बहुत से त्यौहारों या कभी शादी के अवसर पर मीठा पान खाने के लिए दिया जाता है. ऐसे में यदि आपके पास बैठे किसी व्यक्ति को पान न मिले तो आप अपने में से थोड़ा सा तोड़ कर उसे दे देती है. पर ये करना गलत है. जी हां वो इसलिए क्यूकि मीठा पान भी सोलह श्रृंगार का हिस्सा है. इसलिए यदि आपको पान न भी खाना हो तो अपने पति को दे दीजिये पर किसी दूसरे को न दे.
इसके इलावा अपनी मांग में लगाया गया सिंदूर कभी देवी देवताओ को अर्पण नहीं करना चाहिए, यानि उस सिंदूरदानी से कभी देवी देवताओ को सिंदूर न चढ़ाएं. जी हां इस बात का खास ध्यान रखे कि देवी देवताओ को हमेशा नया सिंदूर ही लगाना चाहिए या अर्पित करना चाहिए. गौरतलब है, कि अपनी शादी के मौके पर लड़की जो कपडे पहनती है या साडी पहनती है और चुनरी लेती है उसे एक साल तक संभाल कर स्वच्छ रखना चाहिए, यानि वो कही से फटनी या खराब नहीं होनी चाहिए.


